रायपुर। Bullion Market: अंतरराष्ट्रीय बाजार के प्रभाव से सोने-चांदी की कीमतों में बुधवार रात को विपरीत प्रभाव पड़ा। सोने की कीमते तो स्थिर रही, लेकिन चांदी में 500 रुपये की गिरावट आ गई। सराफा विशेषज्ञों का कहना है कि इस प्रकार से दोनों कीमती धातुओं में उतार-चढ़ाव बना रहेगा। सराफा विशेषज्ञों का कहना है कि अभी वायदा बाजार में भी सोने की मांग थोड़ी कम बनी है और औद्योगिक क्षेत्रों में चांदी की मांग घटी है।

इसका परिणाम ही है कि चांदी के भाव में गिरावट आने लगी है। आने वाले दिनों में इनकी कीमतों में और तेजी भी आ सकती है। सोना अपने नए शिखर को भी छू सकता है। सराफा में खरीदारी में अभी कीमतों का कोई विशेष प्रभाव नहीं पड़ रहा है। लोग अपने बजट के अनुसार अधिक से अधिक खरीदारी कर रहे हैं।

बनवाई में विशेष छूट

संस्थानों व ज्वेलरी कंपनियों द्वारा अभी भी सोने की बनवाई में विशेष छूट दी जा रही है। साथ ही उपहार योजनाओं की पेशकश भी है। कारोबारियों का कहना है कि उपभोक्ताओं द्वारा भी इन्हें काफी पसंद किया जा सकता है।

रिटर्न में अव्वल

विशेषज्ञों का कहना है कि रिटर्न के मामले में सोना अव्वल स्थान पर रहा है। बीते साल 2020 में 30 फीसद से भी अधिक का रिटर्न दिया है, इसके चलते यह निवेशकों की भी पहली पसंद बन गया है। यहां तक शेयर बाजार व बैंक एफडी की तुलना में भी सोना काफी आगे निकल गया है। बीते एक साल में सोना 10 हजार से भी अधिक महंगा हुआ है। वहीं चांदी ने भी जबरदस्त छलांग लगाई है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here